Published On : Tue, Jan 13th, 2015

कामठी : देश को युद्ध की नहीं बुद्ध की जरुरत है – डा. नितीन राउत

Mahapritran Path at kamthi
कामठी (नागपुर)।
बुद्ध के धम्म शिक्षा से निर्वाण का एक अलग महत्व है. इसका अर्थ बुद्ध की ओर जाता है, बुद्ध के आचरण की ओर जाता है. जिससें इस देश को युद्ध की नहीं बुद्ध की जरुरत है. ऐसा प्रतिपादन पूर्व पालक मंत्री डॉ. नितीन राउत ने किया. वे कामठी रोड स्थित डॉ. बाबासाहब आंबेडकर मैदान में आयोजित भव्य महापरित्राण पाठ और बुद्ध महोत्सव कार्य्रकम बोल रहे थे.

धम्म ही मानव जीवन की आचारसंहिता है. यही आचार संहिता व्यक्ति को विकास के लिए प्रवृत्त करती है. धम्म के तत्व, सिद्धांत और मूलतत्व जबतक मानवी व्यवहार में आता नहीं तब तक धम्म का प्रचार और प्रसार नहीं होगा. सबको सुख शांति और समृद्धि का लाभ मिलाना चाहिए इसलिए इंटरनेशनल बुद्धिस्ट असोसिएशन ऑफ़ इंडिया और राहुल बुद्ध विहार की ओर से डॉ. बाबासाहब आम्बेडकर मैदान में आयोजित भव्य महापरित्राण पाठ और बुद्ध महोत्सव कार्य्रकम किया गया. इसमें महापरीत्राण पाठ, गणप्रवज्या दान, संघदान, सधम्मसभा और महाभिक्कू संम्मेलन कार्यक्रम का समावेश था.

कार्यक्रम में भारत के 200, श्रीलंका, थायलंड, कंबोडिया,म्यानमार, उ. कोरिया, बांग्लादेश से 50 ऐसे 250 भिक्कू संघ का समावेश था. पुज्यनिय भिक्कू कें प्रवचन से संपूर्ण परिसर बौद्धमय हो गया. सैकड़ों उपासक और उपसिकाओं का समावेश था. कार्यक्रम भदंत कृपाशरण माहथेरो, भदंत कारानेस महाथेरो की अध्यक्षता में लिया गया. इस दौरान कार्यक्रम में पूर्व पालक मंत्री डा. नितिन राउत, नगरध्यक्षा रिजवाना कुरैशी, न.प. उपाध्यक्ष रंजीत सफेलकर नगरसेवक दादा कांबले, विकास रंगारी, शकूर नागावी, वैशाली मानवटकर, ललित सोरमोरे, जेता फुले, उपस्थित थे.

कार्यक्रम का आयोजन पूर्व नगरसेवक सिद्धार्थ रंगारी, भदंत कृपाशंकर महाथेरो, भदंत धर्मानंद की ओर से किया गया. कार्यक्रम की सफलता के लिए राजेश ढोके, कविता ढोके, रोहित रंगारी, निखिलेश चव्हाण, नवल रंगारी, आशीष रामटेके, अमोल मेश्राम, स्वप्नील शंभरकर, आदि ने प्रयास किया.