‘अवीरा पंचकर्म एंड स्पा’ पर क्राइम ब्रांच की छापेमारी; दो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज

फंटर के जरिए पुलिस ने बिछाया जाल
पुलिस के अनुसार, यह स्पा सेंटर राणा प्रताप नगर पुलिस थाना क्षेत्र के अंतर्गत कोतवाल नगर स्थित कांता पैलेस के फ्लैट नंबर 200 में संचालित किया जा रहा था। यहां कथित अनैतिक गतिविधियां चलाए जाने की जानकारी मिलने के बाद सामाजिक सुरक्षा विभाग और AHTU ने संयुक्त कार्रवाई की योजना बनाई।
12 अक्टूबर 2026 को पुलिस टीम ने दो पंचों और एक फंटर की मदद से छापेमारी की। पुलिस का आरोप है कि सेंटर संचालक आर्थिक लाभ के लिए युवतियों को कम समय में अधिक पैसे कमाने का लालच देते थे और उन्हें ग्राहकों के पास भेजकर कथित देह व्यापार में धकेलते थे।
कार्रवाई के दौरान मौके से तीन युवतियों को मुक्त कराया गया। पुलिस अब मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जांच कर रही है।
दो आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज
पुलिस ने इस मामले में निम्नलिखित आरोपियों के खिलाफ अपराध दर्ज किया है:
- योगेश अशोकराव इंगोले (35) — निवासी गीतानगर, मानेवाड़ा-बेसा, नागपुर।
- सुप्रिया राजू रायकवार (35) — निवासी भूपेश नगर, बोरगांव, नागपुर।
पुलिस के मुताबिक, अपराध क्रमांक 721/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 143(2), 143(3) तथा अनैतिक व्यापार (निवारण) अधिनियम, 1956 की धाराओं 3, 4 और 5 के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया है।
आरोपियों पर स्पा सेंटर की आड़ में आर्थिक लाभ के लिए कथित अनैतिक गतिविधियां संचालित करने का आरोप है। इन आरोपों की पुष्टि जांच और न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही होगी।
DCP दीपक अग्रवाल के नेतृत्व में कार्रवाई
यह कार्रवाई क्राइम ब्रांच के DCP दीपक अग्रवाल के नेतृत्व में की गई। सामाजिक सुरक्षा विभाग के पुलिस निरीक्षक दर्शन पाटिल के मार्गदर्शन में टीम ने छापेमारी को अंजाम दिया। मामले में सरकारी पक्ष की ओर से सामाजिक सुरक्षा विभाग में नियुक्त पुलिस हवलदार लक्ष्मण चौरे ने शिकायत दर्ज कराई।
प्रेस नोट के अनुसार, कार्रवाई 12 अक्टूबर को शाम 4:25 बजे से रात 8:55 बजे तक चली। इसके बाद राणा प्रताप नगर पुलिस थाने में मामला दर्ज करने की प्रक्रिया पूरी की गई।
स्पा सेंटरों की गतिविधियां जांच के दायरे में
स्पा और पंचकर्म सेंटर की आड़ में कथित गैरकानूनी गतिविधियां संचालित किए जाने का यह मामला पुलिस जांच के दायरे में है। फिलहाल, उपलब्ध प्रेस नोट में किसी बड़े नेटवर्क या अन्य व्यक्तियों की संलिप्तता की पुष्टि नहीं की गई है।
पुलिस की आगे की जांच में कथित गतिविधियों की अवधि, आरोपियों की भूमिका और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की जानकारी सामने आने की उम्मीद है।



