Published On : Thu, Aug 13th, 2020

सरकार की लूट: बिजली बिल में 20 प्रतिशत की छूट फिलहाल नही

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नागपुर- लॉकडाउन के बाद शहर के लाखों ग्राहकों को एमएसईडीसीएल (Msedcl ) की ओर से जून महीने में हजारों रुपए के बिजली (Electricity Bill) के बिल भेजे गए थे, उसी के बाद शहर के ग्राहकों का गुस्सा फूट गया, तभी से विभिन्न संघटन और राजनैतिक पार्टियों की ओर से बिजली बिल माफ करने की मांग की जा रही है. भाजपा (Bjp) पार्टी की ओर से कई बार प्रदर्शन किए गए.

आम आदमी पार्टी (Aap ) और विदर्भ राज्य आंदोलन समिति की ओर से भी बिजली बिल (Electricity Bill) माफ करने की मांग को लेकर प्रदर्शन किए जा रहे है. बिजली बिल माफ या फिर बिजली बिल में रियायत की गुंजाईश ऊर्जामंत्री डॉ. नितिन राउत की ओर से जताई जा रही थी. ऐसा कहा गया था कि बिजली बिल में 20 से 30 प्रतिशत की रियायत मिल सकती है, लेकिन अब जानकारी सामने आयी है कि अभी रियायत करने का निर्णय नही लिया गया है. जिसके कारण नागरिकों को पूरा बिजली का बिल भरना ही होगा.

जून महीने में जिन ग्राहकों के हजारों रुपये के बिजली के बिल आए थे, उसके बाद कई ग्राहकों की स्थिति ऐसी है कि वे हजार रुपए भरने की स्थिति में भी नही थे, और ऐसे में जुलाई महीने का बिल भी हजारों रुपये में भेज दिया और इस महीने यानी अगस्त का बिल अभी कुछ दिनों में आ जाएगा. जिसके कारण अब लाखों ग्राहकों के बिजली के बिल 10 हजार, 20 हजार हो चुका है, जो कि अब उनके लिए भरना मुमकिन नही हो रहा है. अभी कुछ दिन पहले शहर के एक नागरिक को 40 हजार रुपए का बिजली का बिल दिया गया था, बिल भर नही पाने की स्थिति में और इसी चिंता में उन्होंने आत्महत्या कर ली. लेकिन इससे किसी भी मंत्री पर कोई असर नही हुआ है. कुछ ग्राहक तो ऐसे है जो लॉकडाउन के बाद से ही बिजली का बिल भर रहे है, उन्हें भी अनाप- शनाप बिजली का बिल दिया जा रहा है.

एमएसईडीसीएल (Msedcl) नागपुर के मुख्य अभियंता दिलीप दोड़के ने जानकारी देते हुए बताया कि 20 परसेंट रियायत (Discount) का निर्णय मुंबई में लिया जाएगा, अभी तक ऐसा कोई भी निर्णय नही हुआ है. जब निर्णय होगा, तब इसका लाभ ग्राहकों को मिलेगा. कब तक होगा, इसके बारे में फिलहाल बताया नही जा सकता

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