Published On : Mon, Nov 16th, 2020

गोंदिया: धार्मिक स्थलों के कपाट खुले , दर्शन पाकर धन्य हुए श्रद्धालु

गोंदिया: कोरोना काल तथा लॉकडाउन के बाद महाराष्ट्र में आज 16 नवंबर सोमवार से फिर धार्मिक स्थलों के कपाट श्रद्धालुओं के दर्शनों हेतु खोलने की इजाजत सरकार ने दे दी है।

राज्य सरकार ने मंदिर , मस्जिद , गुरुद्वारे , दरगाह , गिरजाघर सभी धार्मिक स्थलों को खोलने की अनुमति के साथ पूजा स्थलों पर कोरोना वायरस के संक्रमण को लेकर दिशा-निर्देशों का अनुशासन से पालन करने हेतु गाइड लाइन जारी की है।

कोरोना सुरक्षा प्रोटोकाल को ध्यान में रखते जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के अध्यक्ष गोंदिया कलेक्टर दीपककुमार मीणा ने अधिसूचना संबंधी पत्र 15 सितंबर को जारी करते कोविड-19 के सभी मानक का प्रयोग करने को कहा है ।


कोरोना से बचाव के लिए प्रोटोकॉल का पालन करना अनिवार्य होगा फेस मास्क पहनना जरूरी होगा , 6 फीट की दूरी (सोशल डिस्टेंसिंग) का पालन भी करना होगा तथा धार्मिक स्थलों में सैनिटाइजेशन के पुख्ता इंतजाम करने होंगें ।

सुख- समृद्धि , सौभाग्य ओर उत्तम स्वास्थ्य की प्रार्थना की
लगभग 8 माह के बाद सभी धार्मिक स्थलों के कपाट गोंदिया जिले में आज 16 नवंबर सुबह से ही खुल गए और पूजा अर्चना का सिलसिला भी शुरू हो गया है तथा बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं।

शहर में महीनों से बंद धार्मिक स्थलों का कपाट खुलने से भक्त काफी उत्साहित हैं।
गौरतलब है कि जिले के प्रसिद्ध धार्मिक स्थलों में कोरोना संकट से पहले रोज हजारों श्रद्धालु दर्शन करने आते थे आज फिर कपाट खुलने से मंदिरों में दर्शन हेतु भक्तों ने आकर खुद को भाग्यशाली बताया।

पहले जहां लोग धार्मिक स्थलों को बाहर से नमन किया करते थे अब कपाट खुल जाने से भक्त और भगवान के बीच की दूरी खत्म होने से श्रद्धालुओं को प्रत्यक्ष दर्शन का लाभ मिल रहा

सब सुख लहे तुम्हारी शरणा , तुम रक्षक काहू को डरना
शहर के सिविल लाइन के हनुमान चौक स्थित प्रसिद्ध मंदिर के कपाट खुलने पर आज सुबह से ही भक्तों का दर्शनों हेतु पहुंचने का सिलसिला भी बड़ी संख्या में शुरू हो गया।
लगभग 8 माह के बाद हनुमानजी के सिद्ध मंदिर के द्वार खुलने के इस शुभ अवसर पर समूचे मंदिर परिसर को मंदिर समिति द्वारा फूलों से सजाया गया है।

मंदिर के पुजारी सुरेंद्र शर्मा ने जानकारी देते बताया सुबह 6 बजे अभिषेक , 7 बजे पूजा- आरती हुई तत्पश्चात सुबह 8 बजे बैंड बाजे वाले पहुंचे तथा हनुमान चालीसा आरती हुई।

सुबह से ही संकटमोचन प्रभु हनुमानजी के दर्शन करने हेतु बड़ी संख्या में श्रद्धालु पधार रहे हैं तथा मंदिर के कपाट खुलने के बाद भगवान के दर्शन कर भक्त खुद को भाग्यशाली मान रहे हैं।


रवि आर्य