गोंदिया।नारी शक्ति वंदन अधिनियम (महिला आरक्षण विधेयक) के सदन में पारित न होने पर देशभर में उठ रही नाराजगी अब सड़कों पर दिखने लगी है। गोंदिया में भाजपा महिला मोर्चा और युवा मोर्चा के नेतृत्व में महिलाओं का गुस्सा खुलकर सामने आया , वर्षों से लंबित इस ऐतिहासिक विधेयक पर विपक्ष द्वारा आपत्ति जताने को लेकर कांग्रेस और अन्य दलों के खिलाफ जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला।
भाजपा महिला मोर्चा गोंदिया और युवा मोर्चा कार्यकर्ताओं ने इस विधेयक का स्वागत करने के बजाय इसमें खामियां निकालने पर इंडी गठबंधन के खिलाफ कड़ी नाराजगी जताई।

सियासत में गर्माया माहौल , तस्वीर पर चप्पल जूते बरसाए
सोमवार 27 अप्रैल को भाजपा कार्यालय से युवा मोर्चा अध्यक्ष राहुल अग्रवाल के नेतृत्व में निकला यह निषेध मोर्चा गोंदिया के मुख्य चौराहे जयस्तंभ चौक तक पहुंचा, जहां बड़ी संख्या में महिलाएं और युवा शामिल हुए। प्रदर्शन के दौरान भाजपा युवा मोर्चा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। जयस्तंभ चौक पर उनके पुतले पर चिपकी तस्वीर पर जूते-चप्पल बरसाकर विरोध जताया गया, जो पूरे आंदोलन का केंद्र बिंदु बन गया। महिलाओं ने इसे “नारी सम्मान का अपमान” बताते हुए कड़ा विरोध दर्ज कराया।
विपक्षी दल की महिला सांसदों ने भी की दगा
प्रदर्शन के दौरान भाजपा जिला अध्यक्ष सीताताई रहांगडाले ने कहा कि- जिस नारी शक्ति वंदन अधिनियम का देश की महिलाएं लंबे समय से इंतजार कर रही थीं, उसे 16 और 17 अप्रैल को संसद में पेश किया गया। लेकिन कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, टीएमसी और डीएमके जैसे विपक्षी दलों ने इसका विरोध करते हुए प्रस्ताव के खिलाफ वोटिंग की, जिससे यह विधेयक पारित नहीं हो सका , उन्होंने इसे महिलाओं के साथ अन्याय और अपमान बताया।उन्होंने यह भी कहा कि विपक्षी दलों की महिला सांसदों से उम्मीद थी कि वे नारी सशक्तिकरण के पक्ष में खड़ी होंगी, लेकिन उन्होंने भी पार्टी लाइन पर चलते हुए बिल का विरोध किया, जिससे महिलाओं में भारी निराशा और गुस्सा है।
देश की आबादी ‘ नारी शक्ति ‘ पर किया ‘ इंडी ‘ गठबंधन ने वार
गौरतलब है कि इस विधेयक का उद्देश्य लोकसभा और राज्य विधान मंडलों में महिलाओं को एक-तिहाई आरक्षण देना है, ताकि राजनीतिक क्षेत्र में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित हो सके और उन्हें सशक्त बनाया जा सके , लेकिन कांग्रेस की अगवाई में विपक्ष के विरोध के चलते यह बिल कानून का रूप नहीं ले सका।
इसी मुद्दे को लेकर गोंदिया में महिलाओं का यह आक्रोश प्रदर्शन हुआ, जिसमें साफ संदेश दिया गया कि अब नारी शक्ति अपने अधिकारों के लिए सड़कों पर उतरने से पीछे नहीं हटेगी , कांग्रेस और अन्य विपक्षी दलों के खिलाफ महिलाओं की यह नाराजगी आने वाले समय में राजनीतिक माहौल को और गरमा सकती है।
रवि आर्य









