Published On : Thu, Dec 26th, 2019

हमारे देश के संस्थापक स्तंभों में से एक सीए – प्रधान आयुक्त श्री पी. के.अग्रवाल

Advertisement

आज के जीएसटी कानून को लागू करने के लिए चार्टर्ड अकाउंटेंट और अन्य सलाहकारों के सुझाव बहुत आगे बढ चुके है । चार्टर्ड अकाउंटेंट हमारे देश में जीएसटी के स्तंभों के संस्थापक हैं। कानून के जीएसटी ने विभाग को आवश्यक प्रोत्साहन दिया और बहुत सारे अवसर उपलब्ध किए हैं । भारत के चार्टर्ड एकाउंटेंट्स संस्थान जीएसटी की पृष्ठभूमी सामग्री और मार्गदर्शन नोट जारी करनेवाला पहला संस्थान था। यह उन अनुशासित पेशों में से एक है जिसने सभी क्षेत्रों में नैतिकता को बनाए रखा है। आयसीएआय की डब्ल्यूआयआरसी की नागपुर ब्रांचद्वारा आयोजित ‘सबका विश्वास (विरासत विवाद समाधान) योजनाङ्क २०१९ के विषय में आधे दिन के सेमिनार में मुख्य अतिथी के रूप में उन्होंने अपने विचार व्यक्त किए।

सीजीएसटीएक्स के माननीय प्रधान आयुक्त श्री. पी.के. अग्रवाल ने कहा,‘हम आपकी सेवा करने के लिए यहां है ना की आपको प्रशासन करने के लिए।ङ्क सोथ ही उन्होंने ०१ अप्रैल, २०२० से संगठित नए जीएसटी रूपों पर चर्चा की। उन्होंने कहा की, चार्टर्ड एकाउंटेंट विभाग और कर दाताओं के बीच सेतु का काम करते हैं । माननीय आयुक्त अग्रवाल, जो एमबीए के साथ-साथ एलएलबी हैं, उन्होंने जीएसटी के कानून को लागू करने और इसे सफल बनाने के लिए भारत सरकार के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलने के लिए चार्टर्ड एकाउंटेंट्सकी प्रशंसा की।

‘ज्ञान और सेवा‘ किसी भी के सफल कार्यान्वयन के लिए दो महत्त्वपूर्ण शब्द है। माननीय प्रधान आयुक्त ने कहा कि, वास्तविक स्रोत का ज्ञान हम अपने दैनिक जीवन में क्या करते है और क्या सोचते है, इससे आता है। स्थिति या व्यक्ति के साथ हर बातचीत ज्ञान का एक स्रोत है। अपने दैनिक जीवन और अपने स्वयं के अनुभवों से सीखना शुरू करें और आप वास्तविक ज्ञान प्राप्त करेंगे। श्री पी. के. अग्रवाल ने यह भी अद्यतन किया कि, सबका विश्वास विवाद समाधान योजना के तहत नागपुर झोन भारत में दुसरे स्थान पर है। नए जीएसटी रिटर्न फॉर्म ०१ अप्रैल से प्रभावी है तथा यह पूरे देश में सलाहकारों के साथ करदाताओं के सभी वर्गों से आए बहुत सारे सुझावों की परिणती है। श्री पी. के. अग्रवाल ने जीएसटी पंजीकृत संस्थाओं से आग्रह किया कि, वे इन फॉर्मो को भरना शुरू कर दें जो अब ऑनलाइन उपलब्ध है। यदि दाखिल करते समय कोई समस्या आती है तो उन्हें संबोधित करें ताकि वास्तविक कार्यान्वयन की तारीख अर्थात ०१ अप्रैल २०२० से पहले इसे संबोधित कर सुधारा जा सके।

आईसीएआई के डब्ल्यूआईआरसी की नागपुर शाखा के अध्यक्ष, सीए सुरेन दुरगकर ने कहा कि, जीएसटी के कानून के सफल कार्यान्वयन के पीछे चार्टर्ड अकाउंटेंट्स है। उन्होंने उत्साही प्रिंसिपल कमिश्नर द्वारा निर्देशित जीएसटी विभाग की गतिशीलता और सक्रीय दृष्टिकोण पर जोरदार प्रशंसा की ।

Advertisement

अग्रवाल और उनकी ऊर्जावान टीम जो दिन-रात जीएसटी कानूनों के प्रभावी कार्यान्वयन के लिए प्रयासरत है, साथ-साथ ३१ दिसंबर, २०१९ को समाप्त होने वाली सबका विश्वास योजना से करदाताओं से अधिकतम लाभ मिलने के लिए काम करती है। उन्होंने सदस्यों को संबोधित करने के लिए माननीय प्रधान आयुक्त श्री. पी.के. अग्रवाल और संयुक्त आयुक्त श्री. मुकुल पाटिल को धन्यवाद दिया। उन्होंने न्यूनतम हस्तक्षेप के साथ अधिकतम शासन सुनिश्चित करने के लिए विश्वास और समर्थन के माहौल को बनाए रखने के लिए विभाग द्वारा किए गए प्रयासों की सराहना की।

सबका विश्वास (विरासत विवाद समाधान) योजना २०१९ में ३१ दिसंबर, २०१९ को समाप्त होने वाले प्रावधानों और कठिनाइयों को तज्ज्ञ वक्ता तथा जीएसटीसीएक्स के संयुक्त आयुक्त श्री. मुकुल पाटिल द्वारा स्पष्ट रूप से समझाया गया था। करदाताओं के प्रश्नों को हल करने में विभाग सक्रीय है। उन्होंने सभी करदाताओं से इस योजना का अधिकतम लाभ उठाने की अपील की।

जीएसटीसीएक्स के अधीक्षक श्री. सुरेश रायलू इन्होंने नए जीएसटी रिटर्न फॉर्म के बारे में विस्तार से बताया। जीएसटी सहज, जीएसटी सुगम और जीएसटी आर -१ फॉर्म जो १ अप्रैल २०२० से लॉन्च होंगे। उन्होंने बताया कि, मासिक भुगतान आवश्यकताओं के ५ करोड टर्नओवर के लिए कर निर्धारण के साथ रिटर्न त्रैमासिक होगा। कंपोजिशन डीलरों और छोटे डीलरों के लिए दाखिल करने के लिए इससे बहुत राहत होगी।

डब्ल्युआयआरसी के नागपुर शाखा के सचिव सीए साकेत बागडीया ने उद्घाटन सत्र का समन्वय किया और एक औपचारिक वोट का प्रस्ताव रखा जबकि सीए अक्षय गुलाने ने तकनीकी सत्र का समन्वय किया।

इस अवसर पर मुख्य रूप से कोषाध्यक्ष सीए जितेन सगलानी उपस्थित थे। तथा, सौ से अधिक चार्टर्ड एकाउंटेंट सदस्यों ने इस मार्गदर्शन का लाभ लिया।

Advertisement
GET YOUR OWN WEBSITE
FOR ₹9,999
Domain & Hosting FREE for 1 Year
No Hidden Charges
Follow Nagpur Today on Google
Add Nagpur Today to your Preferred Sources on Google to see our latest news more prominently in Search.