Published On : Fri, Nov 21st, 2014

अहेरी : उपविभागीय अभियंता 70 हजार रिश्वत लेते धराया

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Prabhakar Madavi
अहेरी (गड़चिरोली)।
एक अभियंता ने 6 लाख के धनादेश देने के बदले 1 लाख की मांग की. अंतत: 70 हजार में सौदा कर जैसे ही रिश्वत की रकम अभियंता ने अपने हाथ में लिया. पहले से जाल बिछा रखे एसीबी के अधिकारियों ने आरोपी को धर-दबोचा. इससे कुछ देर तक उपविभाग में हड़कम्प मच गया.

पुलिस अधीक्षक संजय पुरंदरे द्वारा जारी विज्ञप्ति के अनुसार, फरियादी ठेकेदार ने ग्रामीण नल व जलापूर्ति योजना अंतर्गत कुएं व ऊंची पानी की टंकी का निर्माण कार्य किया था. इस काम के लिए 64 लाख रुपये का बिल मंजूरी के लिए दिया किंतु उसे 58 लाख ही दिए गए. अतिरिक्त 6 लाख रुपये के धनादेश देने के लिए लेखा-जोखा को रजिस्टर में दर्ज करने के लिए ग्रामीण जलापूति विभाग, उपविभाग, अहेरी, जिला गड़चिरोली के उपविभागीय अधिकारी प्रभाकर रामचंद्र मडावी ने 1 लाख रुपये की मांग की. जिसके बाद फरियादी द्वारा एसीबी, गड़चिरोली में शिकायत दर्ज करवायी गई.

21 नवम्बर को उपविभाग अहेरी में एसीबी के अधिकारियों ने जाल बिछाकर रखी और तय किए अनुसार जैसे ही प्रभाकर मडावी फरियादी से मोलभाव कर 70 हजार रुपये लेने लगा वैसे ही एसीबी के अधिकारियों ने आरोपी को दबोचा लिया. आरोपी के खिलाफ रिश्वत प्रतिबंधक अधिनियम 1988 के अंतर्गत अहेरी पुलिस ने गुनाह दर्ज किया. और आगे की कार्रवाई के लिए जुट गई. इस पूरी कार्यवाही में एसीबी, गड़चिरोली यूनिट के पुलिस उपअधीक्षक रोशन यादव, पुलिस निरीक्षक मंडलवार व अन्य कर्मचारी शामिल थे.

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इसके साथ ही पुलिस अधीक्षक प्रकाश जाधव ने नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी अधिकारी के द्वारा रिश्वत की मांग की जाती है तो वे सीधे टोल फ्री लैण्डलाइन नं. 1064 से सम्पर्क कर अपनी शिकायत दर्ज कर सकते हैं.

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