Published On : Thu, May 29th, 2014

उमरखेड : बीज और खाद खरीदने के लिए भी नहीं पैसे ; किसानों ने लगाईं सरकार से मदत की गुहार

Advertisement


उमरखेड

साल 2013 – 2014 में प्रकृति ने किसानों पर कहर ढाया और अतिवृष्टि साथ ही ओलावृष्टि ने फसल को बर्बाद कर दिया. ज़मीन में बोए गए किसानों के हरे सपने बिखर गए. इस वजह से उपज 50 प्रतिशत से भी कम हुई है. किसानों की तरफ से भरपाई की मांग हो रही है. किसानों की हालत रोजमजदूरों से भी बद्तर हो गई है. किसानों की मांग है की इस साल खरीफ हंगाम की पूर्व तैयारी के लिए खाद और बीज खरीदने के लिए सरकार की ओर से उनके खातों में पैसे जमा कराए जाए. किसानों ने अपनी मांगों का निवेदन पंचायत के पूर्व उपसभापति तथा बाज़ार समिति के पूर्व संचालक शामराव पाटिल के माध्यम से राज्य के मुख्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण को भेजा.

बर्बाद हो चुके किसानों के पास अब खाद और बीज खरीदने के लिए भी पैसे नहीं है और किसानों को अस सरकारी मदत का ही सहारा है. अभी तक किसानों को सरकार की तरफ से अतिवृष्टि से बर्बाद फसल के लिए मुआवज़ा नहीं मिला है अगर सरकार अब बीज और खाद के लिए मदद नहीं करेगी तो किसानों के पास आत्महत्या के अलावा कोई विकल्प नहीं बचेगा.
rain-hit-farmer-maharastra

Advertisement
GET YOUR OWN WEBSITE
FOR ₹9,999
Domain & Hosting FREE for 1 Year
No Hidden Charges
Follow Nagpur Today on Google
Add Nagpur Today to your Preferred Sources on Google to see our latest news more prominently in Search.