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    Published On : Sun, May 25th, 2014
    Vidarbha Today | By Nagpur Today Nagpur News

    चंद्रपूर : मजदूरों की मजुदूरी तीन दिन में देने की मांग

    माथाड़ी मंडल का बिल्ट ग्राफिक्स के खिलाफ वसूली दावा 
    65 मजदूरों  का चार माह का 35 लाख रूपए बकाया 

    Chandrapurचंद्रपूर.

    गडचिरोली जिला माथाडी व असंरक्षित कामगार मंडल की ओर से बिल्ट ग्राफिक्स पेपर प्रॉडक्ट्स लिमी कंपनी के माथाडी कर्मचारियों की मजुदूरी तीन दिन में जमा करने का नोटिस दिया गया है। प्रशासन ने कुछ माह  पहले नौकरी से निकाले गए 65 कर्मचारियों को वापस नौकरी पर रखने का निर्देश बिल्ट ग्राफिक्स को दिया था। लेकिन बिल्ट ग्राफिक्स ने चार माह से कर्मचारियों वापस नौकरी पर आने के लिए मंजुरी नहीं दी। उसके बाद विदर्भ प्रहार कामगार संघटना ने इसके लिए लडाई शुरू की। प्रशासन की ओर से मजदूरों को वापस नौकरी पर लगाने के लिए दिए गया निर्देश इसी लडाई का फल है ऐसी चर्चा है।

    चंद्रपूर जिले में माथाडी कामगार कायदा शुरू होने के बाद उस पर अमल सही तरीके से नहीं हो रहा था. विविध योजनाओं से लाखों कर्मचारी वंचित हो गए थे । ऐसे में बल्लारपूर के 65 बिल्ट ग्राफिक्स के कर्मियों ने अपनी उपस्थिति माथाडी मंडल में दर्ज करवाई। और तब से मजदुर  और बिल्ट ग्राफ़िक्स व्यवस्थापन आमने-सामने हो गए। बिल्ट ग्राफिक्स ने कुछ भी कारण ना होते हुए इन सभी 65 कर्मचारियों को घर का रस्ता दिखा दिया था । कर्मचारियों ने कई बार कामगार विभाग में शिकायत दर्ज करवाई। लेकिन कामगार विभाग ने सिर्फ कागजी घोड़े दौडाए। परिणामतः कर्मचारियों के परिवार पर भूखों मरने की नौबत आ गई। फलस्वरूप कर्मचारियों ने अनशन आंदोलन शुरू किया।  इस लडाई में अब सफलता प्राप्त होने के बाद जब प्रशासन की ओर से कामगार विभाग को फटकार लगाई गई तब विभाग अधिकारीयों की नींद खुली है। पहले ही कामगार विभाग की ओर से इस मामले में अच्छी तरह से जांच करके बिल्ट ग्राफिक्स पेपर प्रॉडक्ट्स लिमी के महाव्यवस्थापक को इन 65 कर्मियों की 2014 से अप्रैल 2014 तक की मजदूरी और उसपर की लेव्ही आने वाले तीन दिन में जमा करने का निर्देश दिया गया है।

    माथाडी निरिक्षक शादिर मोहम्मद रहीम कुरेशी द्वारा भेजे गए वसुली दावे के अनुसार यह रकम 35 लाख 26 हजार 513 है। इसमें 65 कर्मचारियों की 27 लाख 12 हजार 702 मजदूरी व 8 लाख 13 हजार 811 लेव्ही का समावेश है। माथाडी स्वरुप के काम करने वाले कर्मियों को जनवरी माह में सरकार के आदेश के अनुसार सुपुर्द किया गया। लेकिन कंपनी व्य्वस्थापन ने इन कामगारों को केवल बैठाकर कर रखा। इस विषय में संज्ञान लेकर अब महाराष्ट्र माथाडी हमाल व बाकी कर्मी (नोकरी का नियमन व कल्याण ) अधिनियम 1969 अनुसार मजदूरी व लेव्ही की रकम जमा करने का निर्देश दिया गया है. कामगार विभाग के इस निर्णय के कारण कर्मचारियों में ख़ुशी का माहौल है वहीँ बिल्ट ग्राफिक्स विभाग दनदनाया हुआ है।

    कामगार आयुक्त ने कराया कर्तव्य का एहसास  : एड चिपडूणकर 

    सरकार के नियमों के अनुसार मजदूरों ने अपना रजिस्ट्रेशन माथाडी मंडल में की। इसके कारण बिल्ट ग्राफिक के पेट में दर्द शुरू हो गया। मजदूरों के लिए अनेक कायदे होने के बावजूद उनपर सही तरह से अमल नहीं हो पाता है । ऐसा ही बिल्ट ग्राफिक के मामले में हुआ। मजदूरों के पगार व लेव्ही वसूली के अधिकार माथाडी मंडल के पास होने के बावजूद यहाँ के अध्यक्ष ने सहायुक्त कामगार माथाडी मुंबई को पत्र लिखकर इस मामले में मार्गदर्शन और आदेश माँगा। इसपर सहायुक्त आर. व्ही कुलकर्णी ने माथाडी मंडल अध्यक्ष को पत्र लिखकर माथाडी कामगार कायदा समझाया और उनको उनके कर्तव्य का ज्ञान कराया। उस पत्र में माथाडी मंडल अध्यक्ष अपनी ज़िम्मेदारी निभाने में चूक रहे है ऐसा साफ़ साफ़ लिखा गया था।

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