गोंदिया

कार्यक्रम की शुरुआत शिवप्रसाद जायसवाल के छायाचित्र पर माल्यार्पण करके की गई. विद्यार्थियों का मार्गदर्शन करते हुए डॉ. वासुदेवराव भांडारकर ने कहा कि प्रत्येक विद्यार्थी के जीवन में बारहवीं कक्षा के परिणाम महत्वपूर्ण स्थान रखते है. उन्होंने कहा कि बच्चों को जिस क्षेत्र में जाना है उन्हें उस संबंधित विषय का चयन करना चाहिए.
मार्गदर्शक के रूप में डॉ. संजीव पाटणकर ने 12 वीं के बाद के विविध विषयों के बारे में सविस्तार जानकारी दी. साथ ही विविध कोर्स, विविध डिग्री और लगने वाले शुल्क, शासन द्वारा दी जानेवाली छात्रवृत्ति, नौकरी संबंधी जानकारी, वेतन एवं विभिन्न विश्वविद्यालयों के बारे में जानकारी दी. इस दौरान विद्यार्थियों एवं पालकों द्वारा पूछे गए प्रश्नों के उत्तर दिए गए. नामदेवराव कापगते ने कहा कि प्रबल इच्छा शक्ति एवं मेहनत, लगन से किसी भी क्षेत्र में सफलता हासिल की जा सकती है. कार्यक्रम का संचालन डॉ. सोनिया इंगले एवं आभार प्रदर्शन प्रा. अमोल शामकुंवर ने किया। कार्यक्रम की सफलता के लिए शिक्षक एवं शिक्षकेत्तर कर्मचारियों ने प्रयास किया.








