Published On : Thu, Sep 11th, 2014

बुलढाणा : अब जिले में है न कोई टंटा, न कोई विवाद


टंटामुक्त गांव अभियान में बुलढाणा जिला राज्य में प्रथम

Tanta Mukti Buldhana
बुलढाणा

गांव में विवाद पैदा न हों और विवादों का निपटारा जन-सहयोग से करने की दृष्टि से राज्य सरकार ने महात्मा गांधी टंटामुक्त गांव मुहिम शुरू की है. इसी टंटामुक्त गांव अभियान में बुलढाणा जिले ने राज्य में प्रथम स्थान हासिल किया है. पहले जिले की 868 ग्राम पंचायतों में से 594 ग्राम पंचायतों को टंटामुक्त घोषित किया गया था. उसके बाद पिछले साल और 246 गांवों को टंटामुक्त घोषित किया गया है. इस तरह अब पूरा जिला ही टंटामुक्त या विवादों से मुक्त हो गया है. टंटामुक्त गांवों के लिए राज्य सरकार से 7 करोड़ 59 लाख 75 हजार रुपयों का अनुदान मिलेगा, जिसका वितरण संबंधित ग्राम पंचायतों के बीच किया जाएगा.

गांव के विवाद गांव में ही निपटाने की दृष्टि से राज्य सरकार ने कुछ साल पहले यह मुहिम शुरू की थी. इससे पहले जिले की 868 ग्राम पंचायतों में से 594 पंचायतों को टंटामुक्त गांव घोषित किया गया था. इन गांवों को अनुदान के तहत 13 करोड़ 18 लाख 75 हजार रुपए बतौर पुरस्कार वितरित किए गए थे. इसके साथ एक सम्मान-पत्र भी दिया गया था.

वर्ष 2012-13 में जिले के और 246 गांवों को टंटामुक्त गांव घोषित किया गया है. इसमें बुलढाणा तालुका के 26, मोताला 12, चिखली 27, देउलगांव राजा 11, सिंदखेड़राजा 30, मेहकर 26, लोणार 24, शेगांव 13, खामगांव 19, संग्रामपुर 10, मलकापुर 27, नांदुरा 10 और जलगांव जामोद तालुका के 12 गांवों का समावेश है. जिले के इन 246 गांवों को अनुदान के रूप में साढ़े 7 करोड़ से अधिक की राशि दी जाएगी.