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    Published On : Wed, Jan 27th, 2021

    बिल्डिंग निर्माण की बजाय कंटेनर वाला कार्यालय का प्रस्ताव

    – मनपा परिवहन सभापति बाल्या बोरकर इसे मंजूरी करवाने के लिए खुद टेबल-दर-टेबल घूम रहा

    नागपुर: पिछले सभापति बंटी कुकड़े के कार्यकाल में मोर भवन परिसर में एक ईमारत निर्माण करने की मनपा परिवहन विभाग की संकल्पना थी,जिसमें डिम्ट्स का कार्यालय सह विभाग का अन्य कार्यालय जैसे टिकट काउंटर आदि शुरू करने की योजना थी.वहीं सभापति( वर्त्तमान सभापति बाल्या बोरकर) बदलते ही उक्त संकल्पना ठन्डे बास्ते में चली गई और ‘नया गड़ी,नया राज’ फार्मूला के तहत अब उसी परिसर में कंटेनर वाला कार्यालय बनाने की योजना हैं,इसकी प्रस्ताव तैयार कर खुद सभापति बाल्या बोरकर सभी सम्बंधित अधिकारियों के समक्ष उन्हें हस्ताक्षर लेकर प्रस्ताव को आगे बढ़ा रहा.हस्ताक्षर करने वाले भी काफी सहमे हुए हैं,क्यूंकि उन्हें प्रताव में गड़बड़ी नज़र आ रही.

    पूर्व सभापति के कार्यकाल में मोरभवन परिसर में 70 लाख रूपए की लागत से एक इमारत का निर्माण करने की योजना पर काम शुरू/चर्चा थी.इस ईमारत में नीचे दुकान और ऊपर कार्यालय बनाने पर विचार हो रहा था,नीचे के दुकानों से आय होती।हालाँकि इसका प्रस्ताव तैयार नहीं हो पाया था.इसी बीच गडकरी की सलाह पर परिवहन सभापति पद से कुकड़े को हटाकर बोरकर को नई जिम्मेदारी दी गई.

    बोरकर ने आते ही गैरकानूनी रूप से कंडक्टरों का मासिक वेतन बढ़ाने के लिए बड़ी हेराफेरी को अंजाम दे ही रहे थे कि मामला गडकरी तक पहुँचने से रोक लग गई.तब बोरकर को हटाने के लिए निर्णय लिया जा चूका था.

    अब बोरकर आय के नए स्त्रोत के लिए कुकड़े के प्रस्ताव की जगह उसी जगह कंटेनर वाला कार्यालय शुर करवाने के लिए दौडमभाग कर रहा.अपने सलाहकार बिना इंटरव्यू की भर्ती की सलाह पर प्रस्ताव तैयार कर खुद प्रत्येक अधिकारियों से प्रस्ताव पर हस्ताक्षर करवा रहा,कुछ डर से हस्ताक्षर कर रहे तो कुछ हस्ताक्षर करने में हिचकिचा रहे क्यूंकि 70 लाख में कंटेनर वाला ऑफिस में बड़ी आर्थिक धांधली की बू आ रही.क्यूंकि 3-3 याने 6 लाख में कंटेनर वाला ऑफिस आ जायेगा,और उसे खरीदने के लिए 70 लाख की प्रस्ताव से सभी भयभीत हैं. जबकि 70 लाख रूपए से एक मंजिली ईमारत कड़ी हो सकती हैं.


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